प्रभाष जोशी के करीबी लोग बताते हैं कि उनका 73वां जन्म दिन ऐसा पहला जन्मदिन था, जिसे उन्होंने राजी-खुशी मनाया। इससे पहले तक तो वे दबाव से ही मनाते आ रहे थे। सन् 1997 में पहली बार उनका साठवां जन्म दिन इंदौर में मनाया गया था। तब से यह सिलसिला जारी था। यह उस कड़ी की अंतिम तस्वीर है, जिसे संजय तिवारी ने अपने कैमेरे में कैद किया था।
बंगाल डायरी: फिर से सुर्खियों में हुमायूं कबीर
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पश्चिम बंगाल में पिछले कुछ महीनों से एक नाम की सबसे ज्यादा चर्चा है, और यह
नाम है- हुमांयू कबीर। मुर्शिदाबाद के बेलडांगा में बाबरी मस्जिद शिलान्यास
समारो...
4 days ago

1 comment:
http://www.youtube.com/watch?v=1ZADwvQ0tQI
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